भारतीय शेयर बाजार और निवेश प्रबंधन की दुनिया से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। Aequitas Investment Consulting के मैनेजिंग डायरेक्टर और जाने-माने फंड मैनेजर Siddhartha Bhaiya का अचानक कार्डियक अरेस्ट के कारण निधन हो गया। उनके असामयिक निधन की खबर से न केवल उनके परिवार और करीबी लोग, बल्कि पूरा निवेश समुदाय गहरे सदमे में है।
Siddhartha Bhaiya उन चुनिंदा निवेश विशेषज्ञों में गिने जाते थे, जिन्होंने भारतीय शेयर बाजार में लॉन्ग टर्म वैल्यू इन्वेस्टिंग और स्मॉलकैप स्टॉक्स के जरिए अपनी अलग पहचान बनाई। वे Aequitas Investment Consulting के संस्थापक और MD थे, जो PMS और AIF सेगमेंट में सक्रिय एक प्रतिष्ठित निवेश फर्म मानी जाती है।
Siddhartha Bhaiya का नाम खासतौर पर उन निवेशकों के बीच लोकप्रिय था, जो मल्टीबैगर स्टॉक्स की तलाश में रहते हैं। उनका मानना था कि सही कंपनी की पहचान, मजबूत मैनेजमेंट और धैर्य के साथ किया गया निवेश ही लंबे समय में असली दौलत बनाता है। यही वजह थी कि Aequitas के पोर्टफोलियो में कई ऐसे स्टॉक्स शामिल रहे, जिन्होंने समय के साथ शानदार रिटर्न दिए।
जानकारी के अनुसार, Siddhartha Bhaiya अपने परिवार के साथ विदेश यात्रा पर थे, तभी अचानक उन्हें कार्डियक अरेस्ट आया। इलाज के तमाम प्रयासों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। उनकी उम्र अपेक्षाकृत कम थी, जिससे यह खबर और भी चौंकाने वाली बन गई। निवेश जगत में सक्रिय लोगों के लिए यह विश्वास करना मुश्किल हो रहा है कि एक अनुभवी और सक्रिय फंड मैनेजर अब हमारे बीच नहीं रहे।
Aequitas Investment Consulting ने भी एक आधिकारिक बयान जारी कर उनके निधन की पुष्टि की। कंपनी ने उन्हें एक दूरदर्शी लीडर, अनुशासित निवेशक और टीम को दिशा देने वाला मार्गदर्शक बताया। कंपनी के अनुसार, Siddhartha Bhaiya सिर्फ एक MD नहीं थे, बल्कि Aequitas की सोच और निवेश दर्शन की आत्मा थे।
शेयर बाजार से जुड़े कई दिग्गजों, फंड मैनेजर्स और निवेशकों ने सोशल मीडिया पर Siddhartha Bhaiya को श्रद्धांजलि दी। कई लोगों ने लिखा कि उन्होंने निवेश को सिर्फ मुनाफे का जरिया नहीं, बल्कि एक जिम्मेदारी की तरह देखा। उनका फोकस हमेशा रिसर्च, जोखिम प्रबंधन और निवेशकों के भरोसे पर रहा।

Siddhartha Bhaiya का सफर उन युवाओं के लिए प्रेरणा था, जो फाइनेंस और इन्वेस्टमेंट की दुनिया में करियर बनाना चाहते हैं। उन्होंने यह साबित किया कि शॉर्टकट के बजाय अनुशासन, ज्ञान और धैर्य से ही लंबे समय की सफलता हासिल की जा सकती है। बाजार के उतार-चढ़ाव में भी उनका नजरिया संतुलित रहता था, जो उन्हें एक अलग पहचान देता था।
उनके अचानक निधन से Aequitas के निवेशकों के मन में भी कई सवाल हैं, लेकिन कंपनी की ओर से यह संकेत दिए गए हैं कि फर्म की निवेश प्रक्रिया और दर्शन पहले की तरह जारी रहेगा। फिर भी, यह सच है कि Siddhartha Bhaiya जैसी सोच और अनुभव की भरपाई करना आसान नहीं होगा।
कुल मिलाकर, Siddhartha Bhaiya का जाना भारतीय निवेश जगत के लिए एक बड़ी क्षति है। वे सिर्फ एक सफल फंड मैनेजर नहीं थे, बल्कि ऐसे व्यक्ति थे जिन्होंने निवेश को समझदारी और जिम्मेदारी के साथ देखने की सीख दी। उनका योगदान आने वाले वर्षों तक याद किया जाएगा।